Wednesday , 26 September 2018
Home » आयुर्वेद » आँखों से चश्मा,जाला और कान की समस्याओ का घरेलु इलाज जिस का परिणाम मिलना तय है

आँखों से चश्मा,जाला और कान की समस्याओ का घरेलु इलाज जिस का परिणाम मिलना तय है

हमारे शरीर का सबसे अधिक आकर्षण वाला हिस्सा ही नहीं, बल्कि सबसे उपयोगी अंग भी है। इसका सिर्फ खूबसूरत होना तबतक मायने नहीं रखता जबतक कि आपके आंखों की रोशनी भी सलामत न हो, क्योंकि ऐसा नहीं हुआ तो या तो आपकी खूबसूरत आंखों को चश्मे के मोटे-मोटे फ्रेम की नज़र लग जाएगी या फिर लेंस लगाने के झंझटों में फंसे ही रहेंगे . मनुष्य के शरीर में आंखें वह अंग हैं जिसका सबसे अधिक उपयोग किया जाता है। आंखें वह इन्द्रियां होती हैं जिसके कारण ही हम वस्तुओं को देख सकते हैं। हमारे शरीर की समस्त ज्ञानेन्द्रियों में आंखें सबसे प्रमुख ज्ञानेन्द्रियां हैं। आंखों के बिना किसी कार्य को करने में हम असमर्थ हो जाते हैं। आंख की तरह ही कान भी शरीर का बहुत महत्वपूर्ण अंग है. आइये जानते है कैसे आप आंख और कान की देखभाल कर सकते है ?

आँखों से चश्मा उतरवाने और आँखों की रोशनी बनाए रखने के लिए

आँखों से चश्मा उतरवाने और आँखों की रोशनी बनाए रखने के लिए आपका बहुत ही सरल तरीका बताया है जोकि घर पर ही कर सकते है, वो ये है की आप सुबह उठ कर अपने मुह के बासी लार को आँखों पे काजल की तरह लगये इस तरह रोज़ करने पर बच्चो का चस्मा जल्दी और बड़ो का चस्मा कुछ समय बाद उतर सकता है , करण ये है की जितने ACTIVE INGREDIENT मिट्टी में है वो सारे इन्सान की लार में भी है जो आप के सभी प्रकार के नेत्र विकारो को सही करने में सक्षम है

दूसरा इलाज है देसी गाय का मूत्र एक काच की बोतल में भर ले और बूंद बूंद कर के सुबह और साम को सोते समय आँखों में डाले इस से आप की आँखों का चश्मा उतर सकता है और मोतिया भी उतर सकता है बिना OPERATION के  रेटिना में चाहे को भी तकलीफ हो गो मूत्र से सही हो सकती है  साथ ही जिन की आखो में जला है या पानी आता है वो पानी आना भी बंद होगा  जिनको आँखों में खारिश आती है या खुजली रहती है वो भी ठीक हो जाएगी  जिनकी आँखे लाल रहती है ऐसी ही आँखों की 20 बिमारियों को सही कर सकता है  गोमूत्र  पर ध्यान रहे के गाय देसी हो और गर्भवती न हो इन बातों का ध्यान अवश्य रखे यदि गोमूत्र ऐसी गाय का ले जिसने अभी तक बच्चा नहीं दियो हो तो और भी बेहतर है और इसमे आपका कोई खर्च भी नहीं हो रहा. फ़ोकट का इलाज है ये. खुद भी करे और अगर आपका इससे फायदा हो तो दुसरो को भी बताए.

कान के रोगों के लिए

कान के रेगो के लिए भी गोमूत्र अति लाभदयक है कान के रोग जैसे की कम सुनना, कान में से मवाद आना, कान में फोड़ा या फुंसी हो जाना , कान में भिम्री सुनती हो तो गोमूत्र का इस्तेमाल इन सभी कष्टों से आप को मुक्त करवा सकता है

कान के रोगों में आप दूसरी एक और चीज है जो आप के घर में उगा सकते है वो है अलोएवेरा (ग्वारपाठा) इसे घर मे ही उगाइये और कान का कोई भी विकार होने पर इस के पत्ते के गुदे का रस निकाल कर कान में डालने से आप को राहत मिलेगी

लगातार कई घंटों तक काम करने, नींद पूरी न होने या मोबाइल-कम्प्यूटर पर हमेशा नजरें गड़ाए रहने के कारण इन दिनों कम उम्र में ही चश्मा लगने लगा है। लेकिन आयुर्वेद में ऐसे कई उपाय हैं जो आंखों की रोशनी बढ़ाकर चश्मे का नंबर कम कर सकते हैं या चश्मा भी उतार सकते हैं। दिल्ली के डायरेक्टर डॉ. प्रताप चौहान बता रहे हैं आंखों की रोशनी बढ़ाने वाली 10 नैचुरल टिप्स :

(नोट : बेहतर रिजल्ट्स के लिए इनमें से अधिक से अधिक उपाय रेग्युलर बेसिस पर ट्राय किए जाने चाहिए)

आंवला – सूखे आंवले को रात भर पानी में भिगो दें सुबह इस पानी को छानकर इससे आंखें धो ले.
त्रिफला – रात को त्रिफला पानी में भिगोकर रख दें सुबह उसके पानी से उनके धो ले.
जीरा – जीरे और मिस्री को बराबर मात्रा में पीस लें इससे रेगुलर एक चम्मच घी के साथ ले.
इलायची – तीन या चार हरी इलायची को एक चम्मच सौंफ के साथ पीस ले इसे रेगुलर एक गिलास दूध के साथ पिए.
सौंफ – एक चम्मच सौंफ दो बादाम और आधा चम्मच मिश्री पीस लें उसे रात को सोने से पहले एक गिलास दूध के साथ ले.

बादाम – रेगुलर रात को छह-सात बादाम पानी में भिगोकर रख दें इन्हें सुबह छिलके निकाल कर खाएं.
देसी घी – कनपटी पर देसी घी की हल्के हाथ से रोजाना 5-10 मिनट मसाज करें इससे आंखों की रोशनी बढ़ेगी.
गाजर – इसमें विटामिन ए पाया जाता है इसे रेगुलर खाने या इसका जूस पीने से आंखों की रोशनी बढ़ती है.
सरसों – रेगुलर रात को सोने से पहले तलवों पर सरसों के तेल से मालिश करें.
ग्रीन टी – रेगुलर दिन भर में दो या तीन कप ग्रीन टी पिए इसमें मौजूद एंटीऑक्सीडेंट आंखों को हेल्दी रखते हैं.

Leave a Reply

Your email address will not be published.

DMCA.com Protection Status